राम जन्म भूमि आंदोलन
रामजन्मभूमि आंदोलन बेश्विक मंच का सबसे बड़ा तत्समय का मुद्दा था।जब देशज पार्टिया अपनी अपनी राग और वोटिय राजीनीति के हिसाब से काम करेगी या विचार करेगी तब देश व समाज की ज्वलन्त प्रवृतियों को आयाम नही मिल सकता। जोलोग इस आंदोलन से अपने को जोड़ रहे है उन्हें क्या यह नही पता है कि बगल में ही दशरथ के पुत्रेष्टि यज्ञ स्थल पर भी ध्यान दिया जाना ही चाहिए।महाराज वशिष्ठ की अगुवाई में ऋषी शृंगी ने पुत्र कामेष्टि यज्ञ कराया।जहाँ अग्नि देव ने पायस देकर यज्ञ की सफलता की स्वीकारोक्ति की।तदुपरांत दशरथजी को चार पुत्र हुए।वह स्थान अयोध्या से ईशान कोण पर स्थित मखोड़ा नामक स्थान है ।जिसके बारे में कहा गया है कुटिला सँगमदेवी ईशानये को मुक्तम्म मख स्थानम महतपुण्यम यत्र पुण्या मनोरम।।